सरगुजा: छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में सुशासन तिहार के तहत प्रदेशवासियों को 10 क्रांतिकारी नवाचारों का तोहफा दिया गया है। इस कड़ी में शुक्रवार को जिला पंचायत सभाकक्ष, अंबिकापुर में जिला स्तरीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा, वित्त मंत्री ओ.पी. चौधरी, महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े, विधायकगण, जनप्रतिनिधि, अधिकारी-कर्मचारी और मीडिया प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
डिजिटल परिवर्तन से जनता को राहत
उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि रजिस्ट्री प्रणाली में सुधार और डिजिटल परिवर्तन से आम जनता को सबसे अधिक लाभ होगा। अब रजिस्ट्री के बाद नामांतरण की प्रक्रिया स्वतः और सुगमता से पूरी होगी। पहले लोग नामांतरण के लिए महीनों तहसील कार्यालयों के चक्कर लगाते थे। लेकिन नई एकीकृत और पारदर्शी व्यवस्था से यह प्रक्रिया तुरंत शुरू होगी। इससे न्यायालयों में लंबित मामले कम होंगे और जनता को त्वरित न्याय मिलेगा। उन्होंने बताया कि डिजिटल डाटाबेस पूरी तरह सुरक्षित रहेगा।जिससे फर्जीवाड़ा, भ्रष्टाचार और दलालों की भूमिका समाप्त होगी।
सुगम ऐप और आधुनिक तकनीक से पारदर्शिता
वित्त मंत्री ओ.पी. चौधरी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में सुशासन और डिजिटल गवर्नेंस पर जोर दिया जा रहा है। रजिस्ट्री प्रक्रिया को सरल बनाने के लिए सुगम ऐप लॉन्च किया गया, जिससे जमीन की जियो-टैगिंग और वास्तविक स्थिति दर्ज होती है। रजिस्ट्री अधिनियम 1908 को वर्तमान जरूरतों के अनुरूप बनाया गया। पारिवारिक दान, हक त्याग और बंटवारे पर पंजीयन शुल्क मात्र 500 रुपये कर दिया गया है। 2 लाख से अधिक संपत्तियों की जियो-टैगिंग पूरी हो चुकी है, जिससे संपत्ति की पहचान और सुरक्षा सुनिश्चित हुई।
10 क्रांतिकारी नवाचार
कार्यशाला में 10 नवाचारों की विस्तृत जानकारी दी गई:
- आधार आधारित प्रमाणीकरण: पंजीयन सॉफ्टवेयर को आधार से जोड़ा गया, जिससे फर्जीवाड़ा रुकेगा।
- ऑनलाइन सर्च और डाउनलोड: खसरा नंबर से पूर्व लेनदेन की जानकारी एक क्लिक पर उपलब्ध।
- भारमुक्त प्रमाण पत्र: ऑनलाइन उपलब्ध।
- एकीकृत कैशलेस भुगतान: स्टाम्प और पंजीयन शुल्क का एकसाथ डिजिटल भुगतान।
- व्हाट्सएप मैसेज सर्विसेज: अपॉइंटमेंट, अपडेट और रजिस्ट्री की प्रति व्हाट्सएप पर।
- डिजीलॉकर: दस्तावेजों का सुरक्षित डिजिटल भंडारण।
- ऑटो डीड जनरेशन: पेपरलेस रजिस्ट्री के लिए स्वतः दस्तावेज तैयार।
- डिजीडॉक्यूमेंट: शपथ पत्र जैसे दस्तावेजों के लिए डिजिटल स्टाम्प।
- घर बैठे रजिस्ट्री: ऑनलाइन दस्तावेज और आधार प्रमाणीकरण से घर से रजिस्ट्री।
- स्वतः नामांतरण: रजिस्ट्री के तुरंत बाद स्वचालित नामांतरण, जिससे समय और फर्जीवाड़ा रुकेगा।

