उदयपुर विकासखंड के ग्राम घुचापुर से दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है, जहाँ खेल-खेल में एक 3 वर्षीय मासूम ने चूहा मारने की दवा खा ली, जिससे उसकी हालत अचानक बिगड़ गई। परिजन जब तक कुछ समझ पाते, तब तक बच्चे की तबीयत गंभीर हो चुकी थी।
घबराए परिजन तत्काल मासूम को इलाज के लिए गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज एवं चिकित्सालय अंबिकापुर लेकर पहुंचे, जहाँ डॉक्टरों ने उसे बचाने की हर संभव कोशिश की। लेकिन इलाज के दौरान मासूम ने दम तोड़ दिया। बच्चे की मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया और गांव में शोक का माहौल फैल गया।
बताया जा रहा है कि घर में चूहों की अधिक संख्या होने के कारण परिजनों ने चूहा मार दवा मंगाई थी, जिसे असुरक्षित तरीके से घर के भीतर रखा गया था। खेलते समय मासूम की नजर उस जहरीली दवा पर पड़ी और उसने उसे खा लिया, जो उसकी मौत का कारण बन गई।
यह घटना न सिर्फ एक परिवार के लिए अपूरणीय क्षति है, बल्कि समाज के लिए भी कड़ी चेतावनी है कि जहरीले रसायन, दवाइयाँ और कीटनाशक बच्चों की पहुँच से दूर और सुरक्षित स्थान पर ही रखें। जरा-सी लापरवाही एक हँसते-खेलते मासूम की जान ले सकती है।

