सरगुजा : जिले में विद्युत व्यवस्था दम तोड़ती हुई नजर आ रही है। जहां एक ओर 15 दिनों से पेंट गांव के स्कूलपारा और नीमपारा में लाइट गुल होने से रात होते ही अंधेरा छा जाता है। जिससे गांव वालों को मानूसन से पहले हुए बरसात में जीव जंतुओं से खतरा बना रहता है। गांव में बिजली 15 दिनों नहीं होने की शिकायत ग्रामीणों ने अधिकारियों से लेकर नेताओं तक कर चूके हैं। बावजूद बिजली सुधारने की जहमत भी कोई नही उठा रहा है। वही मोहल्लेवासियों को पीने के पानी के लिए भी काफी मशक्कत करना पड़ रहा हैं, क्योंकि सभी हैंडपंपों में समर्सिबल पम्प लगा दिया गया हैं।
15 दिनों से ट्रांसफर है खराब
मैनपाट विकास खंड के ग्राम पंचायत पेंट के स्कूलपारा और नीमपारा में विधुत सप्लाई के लिए लगे ट्रांसफार्मर पिछले 15 दिनों से खराब पड़ा हुआ है। ट्रांसफार्मर खराब होने की शिकायत करके अब ग्रामीण भी थक चुके हैं। लेकिन सुधार करने के लिए आज तक गांव में विधुत विभाग का कोई कर्मचारी तक नही पहुँचा हैं।
लाईन मेन की मौत के बाद अधिकारी हुए सस्पेंड
सीतापुर क्षेत्र में लाईट मेंटेनेंस के दौरान लाईनमेन विधुत पोल से गिरने की वजह गंभीर रूप से घायल हो गया था। जहा लाइनमेन को बेहतर इलाज के लिए रायपुर रेफर किया गया था। लेकिन इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। लाईन मेन की मौत के बाद लापरवाही बरतने वाले असिस्टेंट इंजीनियर लोकेश नामदेव को मुख्य अभियंता ने सस्पेंड कर दिया।
विधुत विभाग की जूनियर इंजीनियर क्या कहा
पड़ताल न्यूज से जूनियर इंजीनियर पूनम राजवाड़े ने बात करते हुए बताया कि असिस्टेंट इंजीनियर के सस्पेंड होने की वजह से ट्रांसफार्मर नही लग पा रहा है। चूंकि ट्रासंफार्मर ड्रॉ करने का पावर असिस्टेंट इंजीनियर के आईडी से है। सस्पेंड होने की वजह से आईडी भी बंद कर दिया गया है और इनके जगह पर अबतक किसी असिस्टेंट इंजीनियर की नियुक्ति भी नही की गई है। जिसकी वजह से सीतापुर क्षेत्र में ट्रांसफार्मर की खराबी होने पर सुधार कार्य भी प्रभावित हो रहा है। आने वाले कुछ ही दिनों में किसी तरह ट्रांसफार्मर व्यवस्था कर गांव में लाइट पहुंचने की बात जूनियर इंजीनियर ने कही हैं।

