अम्बिकापुर। चुनावी माहौल के बीच अंबिकापुर शहर का सबसे महंगा और खर्चीला वार्ड देवीगंज चर्चा में है। यहाँ चुनाव जीतने के लिए पैसा पानी की तरह बहाया गया है, क्योंकि यह वार्ड सिर्फ पार्षद चुनाव तक सीमित नहीं है, बल्कि राजनीतिक करियर का सवाल भी बन गया है।
भाजपा बनाम कांग्रेस: कौन मारेगा बाजी?
इस वार्ड से भाजपा ने मनीष सिंह को मैदान में उतारा है, जबकि कांग्रेस से अजय अग्रवाल अपनी राजनीतिक साख बचाने के लिए चुनाव लड़ रहे हैं। राजनीतिक समीकरणों की बात करें तो इस वार्ड पर भाजपा का पहले से दबदबा रहा है, लेकिन इस बार कांग्रेस ने पूरा जोर लगा दिया है।
कांग्रेस में टिकट को लेकर थी खींचतान
देवीगंज वार्ड से कांग्रेस प्रत्याशी के रूप में अजय अग्रवाल को टिकट देने से पहले पार्टी में आंतरिक घमासान देखने को मिला था। कई नामों को काटने के बाद उन्हें टिकट दिया गया, जिससे यह वार्ड और ज्यादा चर्चा में आ गया। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या कांग्रेस यहां अपनी स्थिति मजबूत कर पाएगी या फिर भाजपा के मनीष सिंह दोबारा पार्षद बनने में सफल होंगे।
15 फरवरी को होगा फैसला
अंबिकापुर नगर निगम के 48 वार्डों में किस पार्टी का कब्जा होगा और महापौर कौन बनेगा, इसका फैसला 15 फरवरी को मतगणना के बाद होगा। देवीगंज वार्ड में राजनीतिक भविष्य दांव पर होने के कारण इस पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं।

