अंबिकापुर। गांधी जयंती के अवसर पर 2 अक्टूबर 2026 को सरगुजा जिले में कुष्ठ रोग के प्रति जागरूकता बढ़ाने और बीमारी को लेकर फैली भ्रांतियों को दूर करने के उद्देश्य से कुष्ठ जागरूकता रैली एवं प्रचार-प्रसार कार्यक्रम आयोजित किया गया। यह आयोजन केंद्रीय कुष्ठ प्रभाग एवं राज्य स्तर से प्राप्त निर्देशों के तहत किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. जे. एस. सरूता, जिला स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण अधिकारी डॉ. व्ही. सी. पैंकरा, सिविल सर्जन डॉ. जे. के. रेलवानी एवं जिला कुष्ठ अधिकारी डॉ. पी. के. सिन्हा ने जागरूकता रथ और रैली को हरी झंडी दिखाकर किया।
समाज में फैले भ्रांतियां को समाप्त करने दिलाई गई शपथ
इस दौरान कुष्ठ रोग को लेकर समाज में व्याप्त भ्रांतियों को दूर करने तथा कुष्ठ मरीजों के साथ होने वाले भेदभाव को समाप्त करने के लिए शपथ दिलाई गई। जागरूकता अभियान के तहत जिले के सभी विकासखंडों और शहरी क्षेत्रों में बैनर एवं प्रचार सामग्री के माध्यम से लोगों को कुष्ठ रोग के प्रति जागरूक किया गया। इसके साथ ही विभिन्न ग्राम सभाओं में कलेक्टर एवं ग्राम सरपंचों द्वारा लोगों को कुष्ठ रोग से जुड़ी भ्रांतियां दूर करने और सरगुजा को कुष्ठ मुक्त जिला बनाने के लिए शपथ दिलाई गई।
मरीजों की संख्या में आई कमी, फिर भी जागरूकता जरूरी
जिला कुष्ठ अधिकारी डॉ. पी. के. सिन्हा ने बताया कि सरगुजा जिले में कुष्ठ रोग के मरीजों की संख्या में कमी आई है, लेकिन बीमारी को लेकर लोगों में जागरूकता बढ़ाने की अभी भी आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि लोगों को बीमारी के लक्षणों के प्रति सजग होकर सामने आने और समय पर जानकारी देने के साथ-साथ अन्य लोगों को भी जागरूक करना चाहिए। स्वास्थ्य विभाग का उद्देश्य कुष्ठ रोग को लेकर समाज में फैली गलत धारणाओं को दूर करना, मरीजों के प्रति भेदभाव समाप्त करना और लोगों को समय पर जांच एवं उपचार के लिए प्रेरित करना है।

