मध्य प्रदेश: छिंदवाड़ा, सात समंदर पार से मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा पहुंची चेक गणराज्य की राजकुमारी और फैशन डिजाइनर जित्का क्लेट की 22 लाख रुपये कीमती शादी की अंगूठी खो गई थी। पातालकोट के आदिवासियों ने इसे खोजकर न केवल अंगूठी लौटाई, बल्कि 5 लाख रुपये के इनाम को ठुकराकर ईमानदारी की अनोखी मिसाल पेश की।

आयुर्वेदाचार्य प्रकाश इंडियन टाटा ने बताया कि जित्का, जो प्राग की निवासी हैं, स्पाइन की गंभीर बीमारी से पीड़ित थीं। वैज्ञानिक चिकित्सा में इलाज असंभव होने पर उन्होंने आयुर्वेद का सहारा लिया। प्रकाश टाटा ने छह महीने में आयुर्वेदिक दवाओं से उनकी स्थिति में काफी सुधार किया। जित्का ने पातालकोट की अनमोल जड़ी-बूटियों के बारे में सुना और इसे देखने की इच्छा जताई।

16 अप्रैल 2025 को जित्का दिल्ली से नागपुर और फिर छिंदवाड़ा पहुंचीं। प्रकाश टाटा ने उन्हें अपने घर पर ठहराया और 17 अप्रैल को जिले के पर्यटन स्थलों, जैसे छोटा महादेव, की सैर कराई। इसी दौरान उनकी शादी की अंगूठी कहीं खो गई। जित्का ने अंगूठी खोजने के लिए 5 लाख रुपये के इनाम की घोषणा की। पातालकोट के आदिवासियों ने अंगूठी खोजकर प्रकाश टाटा को सौंपी। जब जित्का ने अंगूठी देखी, तो उनकी खुशी का ठिकाना नहीं रहा। उन्होंने कहा, “दुनिया में इतने ईमानदार लोग कहीं नहीं देखे।” जित्का ने आदिवासियों को 5 लाख रुपये देने की कोशिश की, लेकिन उन्होंने कहा, “आप हमारी मेहमान और बहन हैं। हम इतना पैसा नहीं लेंगे।” जित्का के आग्रह पर उन्होंने केवल 41 हजार रुपये स्वीकार किए।

